कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 : भारत ने जीते 12 पदक, मीराबाई चानू और गुलवीर सिंह रहे आकर्षण का केंद्र

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ग्लासगो। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित 23वें कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन जारी है। 29 जुलाई 2026 तक भारत ने कुल 12 पदक अपने नाम कर लिए हैं। इनमें 2 स्वर्ण, 7 रजत और 3 कांस्य पदक शामिल हैं। इन शानदार प्रदर्शनों के दम पर भारत पदक तालिका में शीर्ष-10 देशों में अपनी मजबूत उपस्थिति बनाए हुए है।

भारत के पदक विजेता

खिलाड़ीखेलस्पर्धापदक
मीराबाई चानूभारोत्तोलनमहिला 48 किग्रा🥇 स्वर्ण
शर्मिला ढांकरपैरा एथलेटिक्समहिला शॉटपुट F57🥇 स्वर्ण
गुलवीर सिंहएथलेटिक्सपुरुष 10,000 मीटर🥈 रजत
हरजिंदर कौरभारोत्तोलनमहिला 86 किग्रा🥈 रजत
ऋषिकांतपैरा एथलेटिक्स(स्पर्धा)🥈 रजत
मीरा (पैरा एथलेटिक्स)(स्पर्धा)🥈 रजत
अन्य भारतीय खिलाड़ीविभिन्न खेल🥈/🥉
बिंद्यारानी देवीभारोत्तोलनमहिला 58 किग्रा🥉 कांस्य
शिल्पा शायलापैरा एथलेटिक्समहिला शॉटपुट F57🥉 कांस्य
एक अन्य भारतीय खिलाड़ीविभिन्न खेल🥉 कांस्य

नोट: कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 अभी जारी हैं, इसलिए पदक तालिका और खिलाड़ियों की सूची प्रतिदिन अपडेट हो रही है

मीराबाई चानू ने रचा इतिहास

भारत की स्टार भारोत्तोलक मीराबाई चानू ने एक बार फिर अपने शानदार प्रदर्शन से देश का गौरव बढ़ाया। उन्होंने महिला भारोत्तोलन स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतकर कॉमनवेल्थ गेम्स में अपनी लगातार सफलताओं की नई कहानी लिखी। उनके प्रदर्शन ने भारत को शुरुआती दिनों में बड़ी बढ़त दिलाई और देशभर में खुशी की लहर दौड़ गई।

पैरा एथलेटिक्स में भी भारत का दबदबा

भारतीय पैरा खिलाड़ियों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। शर्मिला ढांकर ने महिला शॉटपुट एफ-57 वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर भारत का मान बढ़ाया। इसके अलावा ऋषिकांत ने अपनी स्पर्धा में रजत पदक हासिल किया, जबकि अन्य पैरा खिलाड़ियों ने भी पदक जीतकर भारत के खाते को मजबूत किया।

गुलवीर सिंह ने बनाया इतिहास

एथलेटिक्स में भारत के गुलवीर सिंह ने पुरुषों की 10,000 मीटर दौड़ में रजत पदक जीतकर इतिहास रच दिया। वह इस स्पर्धा में कॉमनवेल्थ गेम्स का पदक जीतने वाले पहले भारतीय एथलीट बने। उनकी इस उपलब्धि को भारतीय एथलेटिक्स के लिए बड़ी सफलता माना जा रहा है।

गुलवीर सिंह ने बनाया इतिहास

एथलेटिक्स में भारत के गुलवीर सिंह ने पुरुषों की 10,000 मीटर दौड़ में रजत पदक जीतकर इतिहास रच दिया। वह इस स्पर्धा में कॉमनवेल्थ गेम्स का पदक जीतने वाले पहले भारतीय एथलीट बने। उनकी इस उपलब्धि को भारतीय एथलेटिक्स के लिए बड़ी सफलता माना जा रहा है।

हरजिंदर कौर ने भी दिलाया रजत

भारोत्तोलन में हरजिंदर कौर ने शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक जीता। उन्होंने कठिन मुकाबले में शानदार प्रयास कर भारत के पदकों की संख्या बढ़ाई और यह साबित किया कि भारतीय महिला भारोत्तोलक विश्व स्तर पर लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रही हैं।

मुक्केबाजी से और पदकों की उम्मीद

भारतीय मुक्केबाजों ने भी शानदार खेल दिखाया है। कई भारतीय मुक्केबाज सेमीफाइनल में पहुंच चुके हैं, जिससे भारत के लिए कई पदक लगभग सुनिश्चित हो गए हैं। आने वाले दिनों में भारत की पदक संख्या में और बढ़ोतरी होने की पूरी संभावना है

भारत के प्रमुख पदक विजेता

  • मीराबाई चानू – स्वर्ण (भारोत्तोलन)
  • शर्मिला ढांकर – स्वर्ण (पैरा एथलेटिक्स)
  • गुलवीर सिंह – रजत (10,000 मीटर दौड़)
  • हरजिंदर कौर – रजत (भारोत्तोलन)
  • ऋषिकांत – रजत (पैरा एथलेटिक्स)
  • बिंद्यारानी देवी – कांस्य (भारोत्तोलन)
  • अन्य भारतीय खिलाड़ियों ने भी विभिन्न स्पर्धाओं में रजत और कांस्य पदक जीतकर भारत की पदक संख्या 12 तक पहुंचा

आगे की चुनौती

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 अभी जारी हैं। एथलेटिक्स, मुक्केबाजी, तैराकी, पैरा स्पर्धाओं और भारोत्तोलन में भारत के कई खिलाड़ी अभी भी पदक की दौड़ में बने हुए हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में भारत की पदक संख्या और रैंकिंग में सुधार की पूरी उम्मीद है।